ओणम में दिखी ‘वसुधैव कुटुंबकम’ की भावना, बोले विधायक अनुज शर्मा

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रायपुर। ओणम का त्योहार भारतीय परंपरा ‘वसुधैव कुटुंबकम’का प्रतीक है। यह अलग-अलग धर्मों और समुदायों के लोगों को एक सूत्र में जोड़ता है। ऐसे सामुदायिक आयोजनों को पूरे समाज में बढ़ावा दिया जाना चाहिए। यह बात धरसींवा विधायक अनुज शर्मा ने कही।

वे रविवार को बरौंडा स्थित क्लब हाउस, सैफायर ग्रीन में मोवा-सड्डू मलयाली समाज की ओर से आयोजित प्रथम ओणम समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित कर रहे थे। समारोह में मलयाली समाज के सदस्यों ने पारंपरिक वेशभूषा में हिस्सा लिया और विभिन्न सांस्कृतिक एवं मनोरंजक कार्यक्रमों का आनंद लिया।

अनुज शर्मा ने बताया कि उन्हें आईआईटी मद्रास में वक्ता के रूप में संबोधित करने के लिए आमंत्रित किया गया है। उन्होंने कहा कि 1970 और 1980 के दशक को रैप संगीत के दौर के रूप में देखा जाता है, लेकिन भारत में प्राचीन समय से ही ऐसे भजनों की परंपरा रही है, जिनमें कहानी और लय के माध्यम से घटनाओं को प्रस्तुत किया जाता था। उन्होंने ओणम की परंपरा को राजा महाबली और भगवान विष्णु के वामन अवतार की कथा से जोड़ते हुए इसके ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व पर प्रकाश डाला।

रायपुर केरला समाजम के अध्यक्ष विनोद पिल्लई ने कहा कि स्थानीय मलयाली परिवार लंबे समय से इस तरह के आयोजन की योजना बना रहे थे। सदस्यों की संख्या 100 से अधिक मिली। इस वर्ष पहली बार आयोजन को मूर्त रूप दिया गया। उन्होंने आयोजन को सफल बनाने में पर्दे के पीछे काम करने वाले सभी सदस्यों का आभार जताया।

समारोह में विधायक अनुज शर्मा ने वरिष्ठ नागरिकों को सम्मानित किया। इनमें यू.के. नायर, शांता नायर, सालिनी वेणुगोपाल, लक्ष्मी गोपाल कृष्णन, एम. डेनियल, राजानी की माता सुशीला पिल्लई, आर. मुरलीधरन, ओ. डेनियल, बाबू, शांतम्मा एप्पेन, टी.आर. रामचंद्रन नायर, के. सुलोचना और सुमति कुट्टी शामिल रहे। बीए एलएल.बी. पाठ्यक्रम में टॉप-10 मेरिट में स्थान हासिल करने पर इशिता जॉनसन को सम्मानित किया गया।

कार्यक्रम की शुरुआत वरिष्ठ सदस्यों द्वारा पारंपरिक दीप प्रज्ज्वलन से हुई। इसके बाद महिलाओं के लिए आंखों पर पट्टी बांधकर पानी की बोतल निर्धारित स्थान पर रखने की प्रतियोगिता हुई। दंपतियों के लिए आयोजित खेल में पति ने आंखों पर पट्टी बांधकर पत्नी के माथे पर ‘बिंदी’ लगाने का प्रयास किया। बच्चों के लिए भी विभिन्न गतिविधियां आयोजित की गईं। केरल की परंपराओं से जुड़े प्रश्नोत्तरी कार्यक्रम में सदस्यों ने उत्साह से भाग लिया।

बेनी डेनियल, नरेंद्र भट्ट, प्रदीप नायर और ए.पी. उदयन ने गीत प्रस्तुत किए। इसके बाद तिरुवातिरा, कोलकली और अन्य सांस्कृतिक नृत्य प्रस्तुत किए गए। आयुष अनिश ने ओणम पर्व के महत्व पर विचार रखे।

कार्यक्रम में प्रोफेसर अनुराग पांडे, एचओडी (अंग्रेजी), कल्याण कॉलेज, भिलाई; लघु उद्योग भारती की राज्य सचिव तुलिका पांडे; इंडिया एश्योरेंस के डीजीए बाबू राज यू.वी. व उनकी पत्नी बिंदु बाबू राज; रायपुर जिला पंचायत की अध्यक्ष स्वाति वर्मा तथा आरएमसी के एमआईसी सदस्य स्वप्निल मिश्रा सहित अन्य अतिथि मौजूद रहे।

एम. निसार ने आभार प्रदर्शन किया। समारोह का समापन पारंपरिक ‘ओणम सद्या’ के साथ हुआ। इसमें सदस्यों ने सामूहिक रूप से पारंपरिक व्यंजनों का आनंद लिया।

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